Breaking News
Home / जौनपुर / महिला दिवस विशेष, कोमल है कमज़ोर नहीं तू शक्ति का नाम ही नारी है

महिला दिवस विशेष, कोमल है कमज़ोर नहीं तू शक्ति का नाम ही नारी है

जौनपुर/रियाजुल हक। मैं जब नींद से जागा, वो नहीं थी. इधर उधर देखा, पर वो कहीं नहीं दिखी. मैं रोने लगा , वो तब भी नहीं आई. मैं और ज़ोर से चीखने लगा. तब मुझे घुंघरुओं की छन छन सुनाई दी. वो तेज़ी से मेरी तरफ़ आ रही थी. मैं समझ गया वो आ रही है, पर तब भी मैं रोता रहा. मैं उससे नाराज़ जो था. उसने मुझे आ कर अपनी गोद में उठा लिया और सीने से लगा लिया. मैं सोचने लगा कितनी प्यारी है वो … मेरी मां. मां मेरा पहला शब्द . मां मेरा पहला चेहरा. मां मेरी पहली दुनिया. नारी का सब सुंदर स्वरूप है– मां.
मां संवेदना है, भावना है, अहसास है मां
मां जीवन के फूलों में खुशबू का वास है मां
मां त्याग है, तपस्या है, सेवा है मां
मां फूंक से ठंडा किया हुआ कलेवा है मां
मां चिंता है, याद है, हिचकी है
मां बच्चे की चोट पर सिसकी है .
नारी सिर्फ मां के रूप में ही नहीं अपितु हर रूप में सुंदर है. नारी एक पत्नी बनकर घर सम्भालती है, पति का हर कदम पर पूरा साथ निभाती है. नारी एक बहन बनकर, एक दोस्त बनकर जीवन में खुशियां भर देती है. कुछ ऐसी ही होती है नारी. नारी एक ओर जहां कोमल है तो वहीं दूसरी ओर शक्ति का दूसरा नाम है.
कोमल है कमज़ोर नहीं तू शक्ति का नाम ही नारी है ,
जग को जीवन देने वाली मौत भी तुझसे हारी है.
सतियों के नाम पे तुझे जलाया मीरा के नाम पे ज़हर पिलाया,
सीता जैसी अग्नि परीक्षा जग में अब तक जारी है.
इल्म हुनर में दिल दिमाग में किसी बात में कम तो नहीं,
पुरुषों वाले सारे ही अधिकरों की अधिकारी है.
बहुत हो चुका अब मत सहना तुझे इतिहास बदलना है,
नारी कोई कह ना पाए अबला है बेचारी है.
हमारा भारतीय समाज समाज शुरू से ही पुरुष प्रधान रहा है. यहां महिलाओं को हमेशा कोमल और कमज़ोर माना गया है. लेकिन नारी ने भी समय समय पर ये साबित किया है की शक्ति क दूसरा नाम ही नारी है. चाहे वो रानी लक्ष्मीबाई हो जिसने आज़ादी के लिए अपनी जान की बाज़ी लगा दी या रजिया सुल्तान,राजिया बीबी,हो या भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी हो जिन्हें लोह महिला के नाम से संबोधित किया जाता है. आज की महिलांए अपनी उपस्थिति हर क्षेत्र में दर्ज करा रही हैं. पी.वी. सिन्धू, साक्षी मलिक और दीपा कर्माकर ने 2016 ओलम्पिक्स में अपना लोहा मनवाया तो इन्दीरा कृष्णमूरती नूई ने पेप्सिको कम्पनी की मुख्य कार्यकारी अधिकारी बन दुनिया के प्रभावशाली लोगों में अपना नाम दर्ज करवाया. आज की नारी ने नारी की परिभाषा बदल दी है. कोमल है कमज़ोर नहीं तू शक्ति का नाम ही नारी है.।

About admin

Check Also

योगविज्ञान की राजधानी बनेंगा गोरखपुर- मुख्यमंत्री

लखनऊ/गोरखपुर! गोरखनाथ मंदिर के दिग्विजय स्मृति सभागार में आज बाबा गंभीरनाथ शताब्दी पुण्यतिथि का समापन …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *