Breaking News
Home / अपराध / वाराणसी जेल में मौज काटना निलंबित एआरटीओं आरएस यादव को पड़ा महंगा, भेजे गये मिर्जापुर जेल

वाराणसी जेल में मौज काटना निलंबित एआरटीओं आरएस यादव को पड़ा महंगा, भेजे गये मिर्जापुर जेल

 वाराणसी। चौकाघाट स्थित जिला जेल में पैसे के बल पर अतिरिक्त सुविधाओं का लाभ उठाना चंदौली के निलंबित एआरटीओ आरएस यादव को मंहगा पड़ गया। डीएम योगेश्वरराम मिश्र ने शिकायतों को ध्यान में रखते हुए आरएस यादव को मीरजापुर जेल स्थानांतरित करने के आदेश दिये। शनिवार की देर रात कड़ी सुरक्षा के बीच आरएस यादव को मीरजापुर जेल भेज दिया गया। सूत्रों की माने तो आरएस यादव ने पिछले कुछ दिनों में सेटिंग बनाने के साथ अपने दो सिपाहियों को बचाने में सफलता प्राप्त की थी। उनके साथ मुकदमे में आरोपित बनाये गये अजीत यादव को अरेस्ट स्टे मिल गया था। इसकी जानकारी शासन तक पहुंची थी जिसके बाद से नकेस कसने के आदेश दिये गये थे। कदाचार के मामले में गिरफ्तारी के बाद अरबपति एआरटीओ ने अपने करीबी एक पूर्व कैबिनेट मंत्री के रिश्तेदार के माध्यम से जेल की सेटिंग बनायी थी। इसके लिए आवश्यक धन शराब कारोबारी ने दिया था। कैबिनेट मंत्री के रिश्तेदार ने आरएस यादव के बल पर करोड़ों की कमाई की थी। चंदौली और वाराणसी ही नहीं बल्कि पूर्वांचल के अधिकांश जनपदों का इंट्री टोकन यही बिकवाता था। दस फीसदी कमीशन इसे मिलता था। आरएस यादव के जेल जाने के बाद स्वजातीय पूर्व मंत्री के रिश्तेदार का सिंडिकेट कमजोर पड़ने लगा। इसे बरकरार रखने की खातिर उसने जेल में सुविधाओं का इंतजाम किया। वहां पर मोबाइल तक उपलब्ध कराया गया जिससे पहले की तरह काम चलता रहे। धन के लिए शराब कारोबारी ने थैली खोली थी। समूची जानकारी शासन के संज्ञान में आने के बाद सख्ती से पेश आने के आदेश मिले जिसका नतीजा जेल ट्रांसफर के रूप में सामने आया। जिला प्रशसान की तरफ से जारी विज्ञप्ति में माना गया है कि जिला जेल में निलंबित एआरटीओ आरएस यादव को जेल प्रशासन द्वारा अतिरिक्त व्यवस्था दिये जाने की शिकायतों के चलते यह कार्रवाई की गयी है। आरएस यादव के खिलाफ शिकायत करने वाले पूर्वांचल ट्रक ओनर्स एसोसिएशन के उपाध्यक्ष प्रमोद सिंह ने भी शासन से जेल में सुविधा दिये जाने का वास्ता देते हुए दूरस्थ जेल भेजने की मांग की थी। मीरजापुर जेल भेजे जाने के बाद आरएस यादव का हर तारिख पर कचहरी आना भी संभव नहीं रहेगा। इसकी तैयारियां काफी समय से चल रही थी और पिछली तारिख पर भी उन्हें कोर्ट लाने के बदले वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये रिमांड बढ़ाया गया था। माना जा रहा है कि अब जेल से वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये ही पेशी निबटा ली जायेगी।

 

About admin

Check Also

मिर्जापुर: दस मृतक श्रद्धालुओं को मुख्यमंत्री राहत कोष से ढाई-ढाई लाख रूपये व घायलों को मिलेंगे 25 हजार रूपये

मडिहान ( मिर्जापुर )। जिले के मड़िहान थाना क्षेत्र में ट्रक और ट्रैक्टर की सोमवार …