Breaking News
Home / ब्रेकिंग न्यूज़ / लखनऊ: चीफ सेक्रेटरी के फरमान से आईएस,आईपीएस आमने-सामने!

लखनऊ: चीफ सेक्रेटरी के फरमान से आईएस,आईपीएस आमने-सामने!

लखनऊ। योगी सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था के नियंत्रण को लेकर पुलिस कप्तानों के अधिकार में कटौती संबंधी एक फरमान से नौकरशाही में हड़कंप मचा हुआ है। सोशल मीडिया से लेकर व्हाट्सऐप पर आईएएस और आईपीएस अफसरों से जुड़ा ये जीओ चर्च का केंद्र बना हुआ है। उधर इस शासनादेश के खिलाफ आईपीएस एसोसिएशन के भी लामबंद होने की खबर है। दरअसल जिलाधिकारियों की सक्रिय भूमिका को लेकर कार्यक्रम क्रियान्वन विभाग ने पिछले दिनों एक शासनादेश जारी किया। इसमें क्राइम मीटिंग सहित थानेदारों की तैनाती में भी डीएम की भूमिका संबंधी निर्देश दिए गए हैं। इसमें लिखा गया है कि हर महीने की 7 तारीख को कानून व्यवस्था की बैठक जिलाधिकारी की अध्यक्षता में पुलिस लाइन में की जाएगी। एसएसपी, एसपी, एडीएम प्रशासन, एएसपी, डीएसपी आदि अधिकारी शामिल होंगे। प्रदेश सरकार के इस फरमान से प्रदेश में डीएम और एसपी के बीच टकराव के हालात पैदा हो रहे हैं। इस शासनादेश पर कई जिलों के कप्तान ने एसोसिएशन से ऐतराज जताया है। उन्होंने इस कदम को अधिकारों में बिना वजह दखल बताया है. आईपीएस एसोसिएशन ने मंगलवार को इस संबंध में बैठक बुलाई है। एसोसिएशन के अध्यक्ष डीजी फायर सर्विस प्रवीन सिंह ने इस बैठक को बुलाया है। वैसे शासनादेश 7 सितम्बर का है लेकिन इस पर निकाय चुनावों के चलते अहम नहीं हो पाया था।

About admin

Check Also

मिर्जापुर: हलिया के कोटाघाट व पहाड़ी के बेलवन नदी पर पुल की स्वीकृति, 32.81 करोड की लागत से होगा निर्माण

मिर्जापुर। जिले की सांसद व केन्द्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल की मांग पर उत्तर प्रदेश के …