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लखनऊ: संघ ने कसे योगी सरकार के पेंच, कई मंत्रियों की हो सकती छुट्टी

लखनऊ। बीजेपी के मिशन 2019 को लेकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसी क्रम में मंगलवार और बुधवार को राजधानी लखनऊ में बीजेपी, योगी सरकार और आरएसएस के बीच समन्वय बैठक हुई। समन्वय बैठक में आरएसएस ने योगी सरकार के कामकाज कामकाज का मंथन किया। बैठक में आरएसएस ने अधिकारीयों की कार्यशैली और करीब आठ मंत्रियों के काम से नाखुशी जाहिर किया हैं। सूत्रों के मुताबिक आरएसएस सर सहकार्यवाह दत्तात्रेय हसबोले व डॉ. कृष्ण गोपाल ने योगी सरकार के मंत्रियों और अफसरों की कार्यशैली पर लंबा मंथन किया। हस्बोले और कृष्ण गोपाल ने योगी सरकार के पेंच कसते हुए कई सवाल किये। आरएसएस के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और दोनों उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और डॉ दिनेश शर्मा से पूछा कि सरकार अफसरों के चंगुल में कैसे फंस गई है? आरएसएस का सवाल था कि दागी छवि और कम अनुभव वाले अधिकारीयों की तैनाती क्यों की गई है? इसके जवाब में सरकार ने कहा फैसले लिए जा रहे हैं। आरएसएस का कहना था कि अधिकारी जनता तक क्यों नहीं पहुंच रहे। इसके बाद सरकार फ़ौरन हरकत में आई और मुख्य सचिव राजीव कुमार ने गुरुवार देर शाम तक 28 आईएएस और 8 पीसीएस अधिकारीयों के तबादले कर दिए। बैठक में कार्यकर्ताओं को महत्व न देने का भी मुद्दा उठा। पदाधिकारियों ने कहा कि विधायक और मंत्री कार्यकर्ताओं को कोई महत्व नहीं दे रहे। सरकार बने हुए नौ महीने हो गए, लेकिन कार्यकर्ताओं का समायोजन तक नहीं हुआ। अधिकारी तो विधायकों की भी नहीं सुन रहे हैं। इसके बाद आरएसएस ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अधिकारी और कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय बनाने के लिए कहा। आरएसएस का कहना था कि कुछ अधिकारी मंत्रियों के वफादार बताकर कार्यकर्ताओं पर रौब झाड़ते हैं। जनता की शिकायत और उसके समाधान में ऐसे अधिकारी बाधक हैं। सूत्रों के मुताबिक आरएसएस के पदाधिकारियों ने सरकार को साफ-सफ कहा है कि कुछ मंत्री काम नहीं कर रहे हैं। या तो वे काम करें या फिर दूसरे के लिए जगह खाली करें। कहा जा रहा है कि योगी सरकार के आठ मंत्रियों को लेकर आरएसएस ने नाराजगी जाहिर की है। जिसके बाद कयास लगाया जा रहा है कि मकरसंक्रांति के बाद योगी कैबिनेट में फेरबदल हो सकता है। कुछ मंत्रियों के विभाग छीने जा सकते हैं। मंथन में बेसिक शिक्षा, बाल विकास कल्याण, मंडी, कृषि विपणन, कृषि विदेश व्यापार, महिला कल्याण, परिवार कल्याण, मुस्लिम वक्फ, हज, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, माध्यमिक शिक्षा, उच्च शिक्षा, सहकारिता विभाग का कामकाज आरएसएस व भाजपा संगठन के मानक पर ठीक नहीं पाया गया है। आरएसएस के साथ हुई समन्वय बैठक पर बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता राकेश त्रिपाठी ने कहा सरकार और संगठन के बीच की सामंजस्य बनाए रखने के लिए रूटीन प्रक्रिया के तहत ही इस प्रकार की बैठकें होती हैं। इसमें किसी को हटाने, को लेकर कोई भी बातचीत नहीं होती है। सरकार व संगठन के बीच काम को बेहतर बनाने पर चर्चा होती है।

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