गाजीपुर। बिरनो क्षेत्र के कहोतरी बाजार में शनिवार को ग्रामीण महिलाओं ने शराब के ठेके को बंद कराने की मांग को लेकर जोरदार धरना-प्रदर्शन करते हुए चक्का जाम कर दिया। सैकड़ों की संख्या में महिलाएं हाथों में झाड़ू और शराबबंदी के नारे लिखी तख्तियां लेकर सड़क पर उतर आईं, जिससे बाजार पूरी तरह ठप हो गया और क्षेत्र में हड़कंप मच गया। प्रदर्शन के दौरान महिलाएं “दारू ठेका बंद करो” के नारे लगाती रहीं। चक्का जाम की सूचना मिलते ही स्थानीय थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और महिलाओं को समझा-बुझाकर शांत करने का प्रयास किया, लेकिन महिलाएं अपनी मांग पर अडिग रहीं और ठेका हटने तक आंदोलन जारी रखने की बात कहती रहीं। धरना दे रहीं महिलाओं में लालमणि ने बताया कि बीच बाजार में शराब का ठेका खुलने से उनकी गृहस्थी पूरी तरह चौपट हो गई है। ठेके के आसपास विद्यालय होने के कारण बच्चों की पढ़ाई पर भी बुरा असर पड़ रहा है। वहीं कांति देवी ने कहा कि शराब के नशे मेंलोगआती-जाती छात्राओं के साथ अश्लील हरकतें करते हैं, जिससे लड़कियां विद्यालय जाने से डरने लगी हैं। पुष्पा कश्यप ने कहा कि जब तक यह ठेका नहीं हटेगा, तब तक वे लोग यहां से नहीं हटेंगी। शराब की वजह से घर की गाढ़ी कमाई बर्बाद हो रही है और बच्चे दाने-दाने को मोहताज हो गए हैं। बसंती देवी ने बताया कि आसपास कई विद्यालय हैं, जहां छोटे-छोटे बच्चे पढ़ने जाते हैं, लेकिन नशे में धुत लोग उनके सामने उल्टी-सीधी हरकतें करते हैं। सुमन बिन ने कहा कि काफी दिनों से वे लोग यह सब सहन कर रहे हैं, लेकिन अब यह बर्दाश्त से बाहर हो गया है और महिलाओं का बाहर निकलना दूभर हो गया है। मौके पर पहुंचे तहसीलदार गिरीश चंद्र श्रीवास्तव को महिलाओं ने ज्ञापन सौंपकर जल्द से जल्द शराब के ठेके को हटाने की मांग की। तहसीलदार ने महिलाओं को आश्वासन दिया कि शीघ्र ही ठेके को हटाने की कार्रवाई की जाएगी। तहसीलदार के आश्वासन के बाद महिलाओं ने चक्का जाम और धरना समाप्त किया।
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